
नारायणपुर में सेवा सेतु शिविर से 331 ग्रामीणों को मिला योजनाओं का लाभ
छत्तीसगढ़ के शहरी गरीबों के पक्के घर के प्रयास को मिली राष्ट्रीय पहचान
रायपुर, 4 अक्टूबर 2026। नारायणपुर जिले के दूर-दराज गांवों में रहने वाले लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने के लिए ‘सेवा संकल्प अभियान’ के तहत छोटेडोंगर और कोहकामेटा में सेवा सेतु शिविर लगाए गए। इन शिविरों में लोगों को अलग-अलग सरकारी कार्यालयों के चक्कर लगाने के बजाय एक ही जगह पर कई विभागों की सुविधाएं मिलीं।
दोनों शिविरों में कुल 331 ग्रामीणों को योजनाओं और सरकारी सेवाओं का लाभ मिला। लोगों को प्रमाण-पत्र, स्वीकृति पत्र और दूसरी जरूरी सुविधाएं मौके पर ही उपलब्ध कराई गईं।
35 परिवारों को मिली पक्के घर की चाबी
छोटेडोंगर में लगाए गए शिविर में 199 लोगों की समस्याओं का मौके पर निराकरण किया गया। इस दौरान प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 35 परिवारों को उनके पक्के मकान की चाबी सौंपी गई।

इसके अलावा राजस्व विभाग ने 47 मामलों का निराकरण किया। राशन कार्ड से जुड़े 39 प्रकरण भी निपटाए गए।
वहीं 18 बुजुर्गों और असहाय लोगों को पेंशन स्वीकृति पत्र दिए गए। फसल बीमा से जुड़े 11 किसानों को प्रमाण-पत्र मिले और 5 श्रमिकों को श्रमिक कार्ड दिए गए।
शिविर में बेहतर काम करने वाली 40 आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं को प्रशस्ति-पत्र देकर सम्मानित भी किया गया।
कोहकामेटा में 132 ग्रामीणों को मिला लाभ
कोहकामेटा में आयोजित शिविर में 132 ग्रामीणों को विभिन्न सरकारी सेवाओं का लाभ मिला।
स्वास्थ्य विभाग की टीम ने यहां पहुंचे 87 लोगों की स्वास्थ्य जांच की और जरूरत के अनुसार उपचार व दवाइयां उपलब्ध कराईं।
इसके अलावा आयुष्मान योजना, श्रम विभाग, समाज कल्याण और पंचायत विभाग से जुड़ी सुविधाएं भी ग्रामीणों को दी गईं। आय, जाति और निवास प्रमाण-पत्र भी मौके पर उपलब्ध कराए गए।

गोद भराई और अन्नप्राशन भी हुआ
शिविर में सरकारी कामों के साथ सामाजिक कार्यक्रम भी आयोजित किए गए। महिला एवं बाल विकास विभाग ने गर्भवती महिलाओं के लिए गोद भराई और छोटे बच्चों का अन्नप्राशन कराया।
महिलाओं को संतुलित भोजन, गर्भावस्था के दौरान स्वास्थ्य का ध्यान रखने और बच्चों के पोषण से जुड़ी जरूरी जानकारी भी दी गई।
नुक्कड़ नाटक से ग्रामीणों को दी गई जानकारी
कोहकामेटा में लोगों को सरकारी योजनाओं की जानकारी देने के लिए नुक्कड़ नाटक भी किया गया।
नाटक के जरिए ग्रामीणों को जल जीवन मिशन, स्वच्छ भारत अभियान, आवास योजनाओं और जनभागीदारी के महत्व के बारे में सरल तरीके से बताया गया।
गांव तक पहुंच रही सरकारी सुविधाएं
सेवा सेतु शिविरों का मुख्य उद्देश्य यही है कि दूर-दराज के गांवों में रहने वाले लोगों को छोटे-छोटे सरकारी कामों के लिए बार-बार ब्लॉक या जिला कार्यालय न जाना पड़े।
एक ही जगह पर कई विभागों की सेवाएं मिलने से ग्रामीणों का समय और आने-जाने का खर्च दोनों बच रहे हैं।
शिविर में मौजूद जनप्रतिनिधियों ने भी इस पहल की सराहना की। कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष, जिला पंचायत उपाध्यक्ष एवं सदस्य, जनपद उपाध्यक्ष, स्थानीय सरपंच, जनपद सीईओ सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।
नारायणपुर के छोटेडोंगर और कोहकामेटा में हुए ये शिविर इस बात का उदाहरण हैं कि सरकारी योजनाओं को अगर गांव तक पहुंचाया जाए, तो लोगों को उनका लाभ लेने के लिए बार-बार दफ्तरों के चक्कर नहीं लगाने पड़ते।



