
छत्तीसगढ़ में नशा मुक्ति के लिए बनेगी व्यापक कार्ययोजना, मुख्य सचिव ने दिए निर्देश
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रायपुर, 12 अक्टूबर 2026। छत्तीसगढ़ में नशीले पदार्थों के अवैध कारोबार पर रोक लगाने और युवाओं को नशे से दूर रखने के लिए राज्य सरकार व्यापक कार्ययोजना तैयार करेगी। मुख्य सचिव विकासशील की अध्यक्षता में सोमवार को मंत्रालय महानदी भवन में राज्य स्तरीय समन्वय एनकोर्ड समिति की बैठक हुई। बैठक में नशा नियंत्रण, अवैध मादक पदार्थों की तस्करी पर रोक लगाने और विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने को लेकर चर्चा की गई।
मुख्य सचिव ने अधिकारियों को ‘नशा मुक्त भारत’ अभियान के तहत विजन डॉक्यूमेंट तैयार करने और राज्य व जिला स्तर पर नशा नियंत्रण के लिए विस्तृत रोडमैप बनाने के निर्देश दिए।
राज्य और जिला स्तर पर बनेगा नशा नियंत्रण का रोडमैप
बैठक में मुख्य सचिव ने कहा कि नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियानों की नियमित समीक्षा की जाए। एनकोर्ड समिति की राज्य और जिला स्तरीय बैठकें नियमित रूप से आयोजित हों और उनमें लिए गए निर्णयों पर प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
उन्होंने प्रदेश की सीमाओं पर नशीले पदार्थों की अवैध आवाजाही रोकने के लिए पुलिस और आबकारी विभाग को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए। साथ ही स्कूलों, कॉलेजों और अन्य शिक्षण संस्थानों में विद्यार्थियों को नशीले पदार्थों के दुष्प्रभावों के बारे में जागरूक करने के लिए विशेष अभियान चलाने पर जोर दिया।
मानस पोर्टल की शिकायतों और विशेष अभियानों की समीक्षा
बैठक में मानस पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों की अद्यतन स्थिति की समीक्षा की गई। इसके साथ ही 16 अगस्त से 25 सितंबर 2026 तक चलाए गए विशेष अभियानों की प्रगति पर भी चर्चा हुई।
अधिकारियों ने बताया कि एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) की ओर से स्कूलों और कॉलेजों में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसके अलावा नशीले पदार्थों से जुड़े अपराधों में शामिल आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई भी की जा रही है।
बैठक में सभी स्कूलों, कॉलेजों और विश्वविद्यालयों को कार्ययोजना बनाकर विद्यार्थियों को नशीले पदार्थों के दुष्परिणामों की जानकारी देने के निर्देश दिए गए। गृह विभाग की सचिव नेहा चम्पावत ने प्रस्तुतिकरण के माध्यम से एनकोर्ड समिति से संबंधित जानकारी साझा की।
कई विभागों के वरिष्ठ अधिकारी रहे मौजूद
बैठक में पुलिस महानिदेशक अरुण देव गौतम, गृह एवं जेल विभाग की प्रमुख सचिव निहारिका बारिक सिंह, महिला एवं बाल विकास विभाग की प्रमुख सचिव शहला निगार सहित विभिन्न विभागों के सचिव और वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
इसके अलावा पुलिस मुख्यालय, स्वास्थ्य विभाग, स्कूल शिक्षा, उच्च शिक्षा, कृषि, वन, समाज कल्याण, खाद्य एवं औषधि प्रशासन, नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB), डाक विभाग और एड्स नियंत्रण समिति के अधिकारियों के साथ सभी संभागायुक्त तथा विभिन्न जिलों के कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक भी बैठक में शामिल हुए।



