
प्रदेश अधिकारी कर्मचारी संघ छत्तीसगढ़ रायपुर संघ की बैठक संपन्न।।संघ ने नो समझौता, नो आर्गूमेंट,,डी ए चाहिए 31 परसैंट अब ना होगा कोई समझौता ,, ले के रहेंगे मंहगाई भत्ता का नारा दिया।।
रायपुर 15 नवंबर 2021 । प्रदेश अधिकारी कर्मचारी संघ छत्तीसगढ़ रायपुर की प्रदेश स्तरीय बैठक दिनांक 14.11.2021 को स्वास्थ्य कर्मचारी संघ के कार्यालय में संपन्न हुई।प्रदेश के सभी जिलों से आये अधिकारी कर्मचारियो द्वारा अपने अपने विचारों से अवगत कराया गया। सुरेश कुमार मंढरिया उप अभियंता लोक निर्माण विभाग तिल्दा जिला रायपुर द्वारा अपने विचार व्यक्त किया। उनके द्वारा बताया गया कि जमीनी स्तर पर अधिकारी कम॔चारियों की समस्याओं को ध्यान में रखा जाये, महिला एवं बाल विकास विभाग चारामा जिला कांकेर से श्रीमति रमेसरी टंडन, पर्यवेक्षक द्वारा नवीन अंशदायी पैंशन योजना को बंद कर पुरानी पैंशन योजना लागूं करने के लिए विचार किया जाये सभी कम॔चारियों द्वारा अवगत कराया गया कि सभी कैडर की समस्याओं को मांगों को शामिल किया जाये। सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि प्रदेश के हर संवर्ग की समस्याओं को शामिल करने के लिये सभी जिलों एवं ब्लाक स्तर पर बैठक आयोजित किया जावे, बैठक में प्रांताधयक्ष करन सिंह अटेरिया,उपाध्यक्ष बी.एल.पटेल, गजाधर साहू, शैलेन्द्र कुमार श्रीवास्तव, सुरेश कुमार मंढरिया, रमेसरी टंडन, गोरे लाल रात्रे, रवि अनंत, श्रीमती सुनीता मौर्य, श्याम लाल साहू, पी.एल.पाटिल, एवं सभी साथियों द्वारा 31प्रतिशत मंहगाई भत्ता दिये जाने की मांग को लेकर शीघ्र रणनीति तैयार कर संघ द्वारा प्रदर्शन किए जाने पर जोर दिया गया, प्रांताधयक्ष करन सिंह अटेरिया जी द्वारा बैठक को संबोधित करते हुए बताया कि आप सभी को मालूम है इस भीषण मंहगाई के दौर में सरकार द्वारा कम॔चारी हित में कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है, केंद्र एवं अन्य राज्यों द्वारा अपने कम॔चारियों को 28-31% मंहगाई भत्ता दिया जा रहा है जबकि हमें मात्र 17% ही दिया जा रहा है ,शेष 11% मंहगाई भत्ता दीपावली पर दिये जाने की खबर समाचारपत्र में छपी थी, लेकिन दीपावली भी निकल गई, सरकार कमेटी बना कर मंहगाई भत्ता को लम्बी अवधि के लिए खींचने का प्रयास कर रही है । संघ द्वारा निर्णय लिया गया है कि मंहगाई भत्ते की एक सूत्रीय मांग के संबंध में रणनीति बनाने के लिए हर जिला एवं संभागीय स्तर पर बैठक आयोजित कर कम॔चारियों को होने बाले आर्थिक हानि के बारे में जागृत कर आंदोलन की रूपरेखा तैयार करेंगे प्रदेश अधिकारी कर्मचारी संघ छत्तीसगढ़ केसभी जिलों से लगभग 200 अधिकारी कर्मचारी शामिल हुए।



