
बाढ़ आपदा से निपटने की तैयारियों को परखा, शिवरीनारायण और रिंगनी में हुई मॉकड्रिल
जांजगीर-चांपा, 20 अगस्त 2026। जिले में बाढ़ जैसी आपदा के दौरान बचाव और राहत कार्यों की तैयारियों को परखने के लिए ग्राम शिवरीनारायण और रिंगनी (कुकदा) के कंजी नाला में मॉकड्रिल आयोजित की गई। भारत सरकार के गृह मंत्रालय एवं राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के सहयोग से छत्तीसगढ़ शासन द्वारा यह अभ्यास कराया गया।
मॉकड्रिल में डिप्टी कलेक्टर देवेंद्र चौधरी, शिवरीनारायण तहसीलदार महेंद्र लहरे, प्रशिक्षक विमल कुमार बैस, संबंधित अधिकारी-कर्मचारी, रेस्क्यू टीम और स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।
रेस्क्यू टीम ने किया बचाव का अभ्यास
मॉकड्रिल के दौरान रेस्क्यू टीम ने बाढ़ के समय सामने आने वाली अलग-अलग परिस्थितियों में बचाव कार्य का प्रदर्शन किया। नदी में डूब रहे व्यक्ति को सुरक्षित बाहर निकालने, तेज बहाव में फंसे लोगों को रेस्क्यू कर सुरक्षित स्थान तक पहुंचाने और पुल पार करते समय फंसे लोगों को बाहर निकालने का अभ्यास कराया गया।

इसके अलावा बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों से पशुओं को सुरक्षित स्थान पर ले जाने की प्रक्रिया भी प्रदर्शित की गई। रेस्क्यू टीम ने आपदा के दौरान इस्तेमाल होने वाले आधुनिक बचाव उपकरणों के संचालन और उनके उपयोग की जानकारी भी दी।
बाढ़ में घबराने के बजाय बरतें सावधानी
मॉकड्रिल के माध्यम से लोगों को बताया गया कि बाढ़ की स्थिति में घबराने के बजाय सतर्कता और सूझबूझ से काम लेना चाहिए। प्रभावित लोगों को जल्द से जल्द सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने और प्रशासन तथा रेस्क्यू टीम के निर्देशों का पालन करने की अपील की गई।

प्रशासन ने नागरिकों से अपील की कि नदी, नाला और तेज बहाव वाले जलस्रोतों को पार करने का प्रयास न करें। जलमग्न सड़कों, पुल-पुलियों और तेज बहाव वाले रास्तों से आवागमन करने से बचें।
आपदा की स्थिति में नागरिक सुरक्षित स्थान पर रहें और किसी भी तरह की आपात स्थिति होने पर तत्काल स्थानीय प्रशासन या रेस्क्यू टीम को सूचना दें।



