बिलासपुर 24 मार्च 2021।विश्व क्षय दिवस के अवसर पर राज्य मानसिक चिकित्सालय, सेंदरी बिलासपुर में संगोष्ठी का आयोजन किया गया।
अस्पताल अधीक्षक डाॅ. बी.आर. नंदा की अध्यक्षता में आयेाजित इस संगोष्ठी में डाॅ. बी. आर. होतचंदानी, भेषज विशेषज्ञ ने टी.बी. के प्रकार एवं ईलाज में बरती जाने वाले सावधानी के बारे में विस्तृत जानकारी दी। टी.बी. के रोकथाम हेतु शासन द्वारा चलाये जा रहे आर.एन.टी.सी.पी. एवं एन.टी.सी.पी. कार्यक्रम के बारे में बताया।
अस्पताल अधीक्षक डाॅ. बी.आर. नंदा ने अपने संबोधन में बताया कि प्रति वर्ष 24 मार्च को विश्व क्षय दिवस के रूप में मनाया जाता है, जिससे कि अधिक से अधिक संख्या में लोगों को क्षेय रोग के प्रति जागरूक किया जा सके। उन्होंने बताया कि टी.बी. की खोज सर राबर्ट काक्स के द्वारा सन 1882 में किया गया था। संगोष्ठि के उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह जागरूकता अभियान इसलिए भी अतिआवश्यक है, क्योंकि एक टी.बी. से ग्रस्त मरीज का उपचार नहीं किया गया है, तो वह एक वर्ष में 8 से 10 लोगों को ग्रस्त कर सकता है । लैब टेक्नीशियन श्री चन्द्रमणी सिंह ठाकुर ने भी टी.बी. के संबंध में आवश्यक जानकारी दी।
संगोष्ठी में चिकित्सालय के सभी अधिकारी, कर्मचारी उपस्थित रहे।